आदिवासी दिवस पर नौ अगस्त को ईआरसीपी को लेकर जल क्रांति करेंगे सांसद मीणा

जयपुर, 4 अगस्त। महात्मा गांधी द्वारा अगस्त क्रांति के तहत किए गए अंग्रेजों भारत छोड़ो आंदोलन की तर्ज पर सांसद किरोड़ी लाल मीणा अगस्त क्रांति के दिन आदिवासी दिवस पर ईआरसीपी को लेकर जल क्रांति की शुरूआत करेंगे। दौसा के नांगल प्यारीवास में नौ अगस्त को भीड़ के बीच सांसद किरोड़ी लाल मीणा पूर्वी राजस्थान की महत्वपूर्ण ईआरसीपी योजना को लेकर आंदोलन का ऐलान कर चुके हैं।

जल क्रांति की जंग सफल हो, इसे लेकर पूर्वी राजस्थान के तेरह जिलों में गांव गांव-ढाणी ढाणी प्रचार प्रसार किया जा रहा है। लोगों की जागरूकता के लिए पोस्टर, बैनर और होर्डिंग लगाए जा रहे हैं। साथ ही जल क्रांति के आंदोलन में शामिल होने के लिए पीले चावल देकर ग्रामीणों को संकल्प भी दिलाया जा रहा है। खुद सांसद किरोड़ी लाल मीणा ने जल क्रांति के पोस्टर का विमोचन कर कार्यकर्ताओं को सौंपा, जिसे लेकर कार्यकर्ता पूर्वी राजस्थान के गांव गांव में पहुंच रहे हैं।

सांसद किरोड़ी लाल मीणा ने कहा कि केंद्र की सरकार ईआरसीपी को राष्ट्रीय परियोजना घोषित करना चाहती है लेकिन राजस्थान सरकार इसमें रोड़ा बनी हुई है, राज्य सरकार अपनी सियासत चमकाने और वोट बैंक बढ़ाने के लिए जनता को गुमराह कर रही है जबकि इसमें केंद्र सरकार का कोई दोष नहीं है। सवाल यह है कि जब केंद्र सरकार द्वारा राज्य सरकार से 75 प्रतिशत वाटर डिपेंडेबिलिटी और मध्य प्रदेश सरकार का सहमति पत्र मांग रही है तो उसे देने में क्या हर्ज है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत अगर इस काम को पूरा कर दे तो मैं गारंटी देता हूं कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पूर्वी राजस्थान की ईआरसीपी योजना को राष्ट्रीय परियोजना घोषित करने में क्षणिक देर भी नहीं करेंगे लेकिन राजस्थान के मुख्यमंत्री और उनके मंत्रिमंडल के मंत्री अनर्गल बयानबाजी कर जनता को दिग्भ्रमित करना चाहते हैं।

उन्होंने कहा कि गहलोत सरकार की सियासी चाल को जनता भी बखूबी समझ रही है। ईआरसीपी 40 हजार करोड़ की योजना है, जो राज्य सरकार के बस की बात नहीं है। राज्य सरकार के मंत्री जनता को झूठ बोल रहे हैं। राज्य बजट में 10 हजार करोड़ का प्रावधान किया है और आगे भी करते रहेंगे, लेकिन केवल कागजों में प्रावधान करने से काम नहीं हो सकता। राज्य सरकार अपने स्तर पर इस योजना को सौ साल में भी पूरा नहीं कर सकती। कांग्रेस की राजस्थान सरकार 2023 के विधानसभा चुनाव में भोली भाली जनता के वोट हथियाने के लिए महज एक शगूफा छोड़ रही है लेकिन इनके झूठ और शगूफे को जनता भी भली-भांति समझ रही है।

सांसद किरोड़ी लाल मीणा ने ऐलान करते हुए कहा कि आदिवासी दिवस के दिन अगस्त क्रांति की तर्ज पर जल क्रांति का आगाज होगा और इस जल क्रांति के जरिए पूर्वी राजस्थान की जनता से मेरा वादा है कि हर हाल में चप्पे-चप्पे पर पानी पहुंचेगा। इसके लिए नौ अगस्त के दिन सभा स्थल पर लाखों लोगों की भीड़ जुटेगी, जहां से हजारों लोगों के साथ हाथों में तिरंगा लिए दौसा के नांगल प्यारीवास से जयपुर कूच करूंगा और सिविल लाइन पहुंचकर सीएम आवास का घेराव करेंगे, जरूरत पड़ी तो धरना भी देंगे।

उन्होंने कहा कि हमारी मांग है कि राज्य सरकार केंद्र के नियमों के तहत ईआरसीपी को राष्ट्रीय योजना घोषित करवाएं, इसके लिए जरूरी औपचारिकताएं पूरी करें। ईआरसीपी को लेकर किसी को भी राजनीति नहीं करनी चाहिए। मैं भी कोई राजनीति नहीं कर रहा। मेरी मंशा है कि पूर्वी राजस्थान को पानी मिले। उन्होंने पूर्वी राजस्थान के 13 जिलों के सभी सांसद और विधायकों से ईआरसीपी को राष्ट्रीय परियोजना घोषित करवाने के लिए राजनीति से ऊपर उठकर जनहित के लिए एक होने का आह्वान किया। साथ ही क्षेत्र की 84 विधानसभा के विधायकों और सांसदों को सभा मे आने के लिए आमंत्रित किया।