मप्र: कमलनाथ का आरोप, लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन कर चुनावों से भाग रही प्रदेश सरकार

भोपाल, 05 दिसंबर । मध्य प्रदेश में पंचायत चुनावों का बिगुल बज गया है। राज्य निर्वाचन आयोग ने पंचायत चुनाव के लिए तारीखों की घोषणा कर दी है। तारीखों का ऐलान होने के साथ ही राजनीतिक दल चुनावी जंग के लिए तैयार हो गए हैं। इधर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ ने सरकार पर चुनावों से भागने का आरोप लगाया है।

कमलनाथ ने कहा कि हम तो पिछले कई समय से यह मांग कर रहे हैं कि प्रदेश में जल्द नगरीय निकाय व पंचायत के चुनाव हो. लेकिन लगता है कि सरकार इन चुनावों से डरी हुई है, वह चुनाव करवाना नहीं चाहती है। वह चुनावों से भाग रही है। उन्होंने कहा कि जब परिसीमन और आरक्षण को लेकर न्यायालय में विभिन्न याचिकाएं पहुंची है तो आज अचानक आधे अधूरे में, जल्दबाज़ी में पंचायत चुनाव की घोषणा समझ से परे है?

पूर्व सीएम ने निशाना साधते हुए कहा कि ऐसा लगता है कि सरकार ख़ुद चुनाव नही चाहती है, वो चाहती है कि भविष्य में चुनावों पर रोक लग जाये और वो कह सके कि हम तो चुनाव कराना चाहते थे। पता नही क्यों वर्ष 2014 के आरक्षण के आधार पर वर्ष 2021-22 में चुनाव करवाये जा रहे है? रोटेशन पद्धति से आरक्षण प्रक्रिया के नियम का पालन क्यों नहीं किया जा रहा है? इसे उन्होंने लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन बताया है।